

बैंड-बाजों के साथ निभाई गईं शादी की सारी रस्में
दूर-दूर से रिश्तेदार और सगे संबंधी हुए शामिल
हरियाणा//
भारत में शादी का सीजन चल रहा है. इन दिनों से शादी से संबंधित कई खबरें पढ़ने और सुनने को मिलती हैं. अब इस बीच वृंदावन नें हुई एक शादी लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गई है.
तो आइए जानते है…
जानकारी के मुताबिक, हरियाणा के सिरसा की रहने वाली 34 साल ज्योति, जो पेशे से नर्स हैं, पिछले एक साल से वृंदावन में रहकर कृष्ण भक्ति कर रही हैं. भक्ति में लीन ज्योति ने अपने प्रिय लड्डू गोपाल यानी भगवान श्रीकृष्ण से विवाह किया. उनके विवाह में धूमधाम से बारात निकली और सुंदर दूल्हे को देखने के लिए लोग टूट पड़े. यहां सारी रस्में की गईं और अब इस विवाह की चर्चा श्री धाम वृंदावन में ही नहीं, बल्कि हर जगह हो रही है. कहा जाता है कि हिन्दू धर्म को मानने वाली हर लड़की अपने लिए श्रीकृष्ण जैसे गुणों वाला पति चाहती है, लेकिन हरियाणा की ज्योति भदवार ने अपने वैवाहिक जीवन से तंग आकर श्याम सुंदर को अपना वर चुन लिया. 34 साल की ज्योति फिलहाल अपने पिता विवेकानंद महाराज और माता वैष्णवी बोरिकर के साथ वृंदावन में रह रही हैं. भगवान श्रीकृष्ण की अनन्य भक्त ज्योति ने लड्डू गोपाल के साथ विवाह रचा लिया. इस शादी में उनके गुरु डॉक्टर गौतम ने बेटी के रूप में उनका कन्यादान किया. लड्डू गोपाल की बारात में दर्जनों लोग शामिल हुए.
डॉक्टर गौतम ने बताया कि इस शादी से पहले घर में बेटी के हाथ पीले करने से लेकर सभी रस्में पूरी की गईं, जो एक सामान्य शादी में निभाई जाती हैं. शादी के लिए ज्योति से मीरा बनी वृंदावन के छह शिखर स्थित हरे कृष्णा धाम सोसायटी में पहुंची, जहां बैंड-बाजों के साथ शादी की सारी रस्में निभाई गईं. दूर-दूर से रिश्तेदार और सगे संबंधी इसमें शामिल हुए और सभी लोग बेहद प्रसन्न हैं. उन्होंने दुल्हन मीरा को बधाई दी है. इस अनोखी शादी के बाद ज्योति से मीरा बनी दुल्हन ने कहा, “जो सपने मुझे रात में आते थे, आज वो दिन की रोशनी में हकीकत में तब्दील हो गए.” ज्योति के रिश्तेदार और बाराती भी इस शादी का हिस्सा बनकर बेहद खुश दिखे. उनकी खुशी का अंदाजा उनके नाच-गानों से लगाया जा सकता था. अब देर शाम ज्योति की विदाई हुई.
ज्योति के पिता विवेकानंद जी महाराज भी इस शादी से बेहद खुश थे. उन्होंने कहा, “आम शादी तो हर इंसान अपने जीवन में करता है, लेकिन मेरी बेटी ने जो सबके पालनहार हैं, उनकी शरण में पहुंच चुकी है और उसने हमेशा के लिए उन्हें अपना जीवन साथी मान लिया है.”